Category: जोशीमठ

  • जिलाधिकारी देहरादून के निर्देशों के अनुपालन में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व ने जोशीमठ भूधसाव क्षेत्र के विस्थापित परिवारों एवं जरूरतमंदो को रसद सामग्री के वाहन को हरीझण्डी दिखाकर रवाना किया।

    जिलाधिकारी देहरादून के निर्देशों के अनुपालन में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व ने जोशीमठ भूधसाव क्षेत्र के विस्थापित परिवारों एवं जरूरतमंदो को रसद सामग्री के वाहन को हरीझण्डी दिखाकर रवाना किया।

    जिलाधिकारी देहरादून के निर्देशों के अनुपालन में आज अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के के मिश्रा ने जिला आपदा परिचालन केन्द्र देहरादून से जोशीमठ भूधसाव क्षेत्र के विस्थापित परिवारों एवं जरूरतमंदो को रसद सामग्री के वाहन को हरीझण्डी दिखाकर रवाना किया।

    देहरादून दिनांक 12 जनवरी 2022, जिलाधिकारी श्रीमती सोनिका के निर्देशों के अनुपालन में आज अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के के मिश्रा ने जिला आपदा परिचालन केन्द्र देहरादून से जोशीमठ भूधसाव क्षेत्र के विस्थापित परिवारों एवं जरूरतमंदो को रसद सामग्री के वाहन को हरीझण्डी दिखाकर रवाना किया।
    जनपद चमोली के जोशीमठ शहर, भूधसाव से आवासीय घरों में आ रहे दरारों के कारण सुरक्षा के दृष्टिगत वहां रह रहे परिवारों एवं लोगों को सुरक्षित स्थानों पर विस्थापित किया गया है। जिला प्रशासन देहरादून विस्तापित परिवारों एवं जरूरतमंदो वाहन द्वारा राहत सामग्री में 860 कंबल, 250 राशन किट, 14 बॉडीकेयर बॉक्स (थर्मलस) जनपद चमोली भेजे गए। जिलाधिकारी ने कहा कि आगे भी जिला प्रशासन द्वारा जरूरतमंदो को रसद सामग्री प्रेषित की जाएगी। जिला प्रशासन देहरादून जरूरतमदों की सहायता हेतु सदैव तत्पर है।

  • जोशीमठ की समस्या के समाधान हेतु हमें एक छत के नीचे बैठकर कार्य करना होगा: मुख्यमंत्री धामी 

    जोशीमठ की समस्या के समाधान हेतु हमें एक छत के नीचे बैठकर कार्य करना होगा: मुख्यमंत्री धामी 

    जोशीमठ की समस्या के समाधान हेतु हमें एक छत के नीचे बैठकर कार्य करना होगा: मुख्यमंत्री धामी

    मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय में उत्तराखण्ड @25 बोधिसत्व विचार श्रृंखला के तहत विभिन्न केंद्रीय संस्थानों व तकनीकी उपक्रमों के प्रमुखों के साथ परिचर्चा की। उन्होंने कहा जोशीमठ की समस्या के समाधान हेतु हमें एक छत के नीचे बैठकर कार्य करना होगा। मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि हमें राज्य के शहरों के सर्वेक्षण पर ध्यान देना होगा और उनकी धारण क्षमता का भी आंकलन करना होगा। हमें राज्य के विकास के मॉडल को इकोलॉजी तथा इकोनॉमी के समन्वय के साथ आगे बढ़ाना होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड को विज्ञान प्रौद्योगिकी एवं नवाचार में अग्रणी राज्य बनाना हमारा उद्देश्य है। इसी के तहत बोधिसत्व विचार श्रृंखला के माध्यम से वैज्ञानिकों, समाजसेवियों एवं बुद्धिजीवियों के सुझाव राज्य हित में आमंत्रित किये जाने की प्रक्रिया प्रारंभ की गई। उन्होंने कहा कि यह मंथन सत्र हिमालय की पारिस्थितिकीय विभिन्नता के दृष्टिगत अलग-अलग मुद्दों पर विभिन्न प्रयोग करने का एक बेहतरीन मंच है। हिमालय पर्यावरणीय दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील क्षेत्र है, जिस वजह से कई प्रकार की आपदाओं का सामना करना पड़ता है।उन्होंने कहा कि जोशीमठ में भू-धंसाव की समस्या से हम सब परेशान हैं। इस पर वैज्ञानिक दृष्टिकोण और वैज्ञानिक सुझाव भी आमंत्रित हैं। राज्य के सतत विकास के लिए समाज के हर क्षेत्र के प्रतिष्ठित लोगों के सुझावों के आधार पर ही आगे के लिए रोडमैप तैयार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 108वीं राष्ट्रीय विज्ञान कांग्रेस में प्राइड ऑफ इंडिया एक्सपो में उत्तराखण्ड के पवेलियन को प्रथम स्थान प्राप्त हुआ है। इस कांग्रेस में देश एवं विदेश के प्रतिष्ठित वैज्ञानिक एवं शोध संस्थानों ने प्रतिभाग किया था।
    इस अवसर पर मुख्य सचिव डॉ. एस. एस. संधु, सचिव श्री शैलेश बगोली, यूकास्ट के महानिदेशक प्रो. दुर्गेश पंत, डॉ. आर.पी. सिंह समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

  • जोशीमठ : मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर उच्च अधिकारी पहुंचे जोशीमठ, लिया स्थिति का जायजा।

    जोशीमठ : मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर उच्च अधिकारी पहुंचे जोशीमठ, लिया स्थिति का जायजा।

    जोशीमठ भू -धंसाव : मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर उच्च अधिकारी पहुंचे जोशीमठ, लिया स्थिति का जायजा

    उत्तराखंड शासन की टीम बृहस्पतिवार को देर शाम जोशीमठ पहुंच गई है। टीम ने आते ही मोर्चा संभाल लिया है। गढ़वाल कमिश्नर सुशील कुमार और आपदा प्रबंधन सचिव रंजीत कुमार सिन्हा के साथ आपदा प्रबंधन के अधिशासी अधिकारी पीयूष रौतेला, एनडीआरएफ के डिप्टी कमांडेंट रोहितास मिश्रा, भूस्खलन न्यूनीकरण केंद्र के वैज्ञानिक सांतुन सरकार, आईआईटी रुड़की के प्रोफेसर डॉ. बीके माहेश्वरी सहित तकनीकी विशेषज्ञों की पूरी टीम जीरो ग्राउंड जोशीमठ पहुंच गई है।
    गढ़वाल कमिश्नर एवं आपदा प्रबंधन सचिव ने तहसील जोशीमठ में अधिकारियों की बैठक लेते हुए स्थिति की समीक्षा की। आपदा प्रबंधन सचिव रंजीत सिन्हा ने कहा कि शुक्रवार को एनटीपीसी के अधिकारियों के साथ औली से लेकर जोशीमठ नगर में विशेषज्ञों की टीम के साथ प्रभावित क्षेत्रों का विस्तृत सर्वेक्षण किया जाएगा।
    बता दें कि भू-धंसाव से प्रभावित परिवारों को शिफ्ट करने के लिए प्रशासन की छह टीमें लगाई गई हैं। बृहस्पतिवार को 16 परिवारों को विभिन्न जगहों पर शिफ्ट किया गया। अभी तक 93 परिवारों को शिफ्ट किया जा चुका है।